सिग्मा बंध तथा पाई बंध

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सिग्मा बंध

सिग्मा बंध एक रासायनिक बंध है जो दो परमाणुओं के परमाणु कक्षकों के रैखिक या सह-अक्षीय ओवरलैपिंग द्वारा बनता है। यह पाई बंध की तुलना में अपेक्षाकृत अधिक मजबूत होता है। इसे एकल बंध से प्रदर्शित करते हैं।

उदाहरण

पाई बंध

पाई बंध एक प्रकार का सहसंयोजक बंध है जो परमाणुओं के बीच उपस्थित होता है, जहां इलेक्ट्रॉन जुड़े हुए परमाणुओं के नाभिक को जोड़ने वाली धुरी के ऊपर और नीचे होते हैं। इसका निर्माण परमाणु कक्षकों के समानांतर या पार्श्ववीय अतिव्यापन से होता है। इसे द्वि बंध या त्रिबंध से प्रदर्शित करते हैं।

उदाहरण

सिग्मा और पाई बंध के बीच अंतर

सिग्मा और पाई बंध में निम्न लिखित अंतर है:

सिग्मा बंध पाई बंध
1. सिग्मा बंध के निर्माण में एक शुद्ध ऑर्बिटल, या दो शुद्ध ऑर्बिटल और दो हाइब्रिड ऑर्बिटल हो सकते हैं। पाई बंध निर्माण के दौरान ओवरलैपिंग ऑर्बिटल्स में दो असंकरित ऑर्बिटल्स होने चाहिए।
2. सिग्मा बंध में मुक्त घूर्णन होता है। पाई बंध में मुक्त घूर्णन नहीं होता है।
3. वे परमाणु जिनमे सिग्मा बंध होता है वे कम अभिक्रियाशील होते हैं। वे परमाणु जिनमे पाई बंध होता है वे अत्यधिक अभिक्रियाशील होते हैं।
4. सिग्मा बंध मजबूत बंध हैं। पाई बंध आमतौर पर सिग्मा बंध की तुलना में कमजोर होते हैं।
5. सिग्मा बंध अणुओं का आकार निर्धारित करता है। पाई बंध का उपयोग अणुओं का आकार निर्धारित करने में नहीं किया जाता है।

अभ्यास प्रश्न

  • कौन सा बंध अधिक प्रबल है सिग्मा या पाई?
  • सिग्मा बंध क्या है?
  • पाई बंध क्या है?
  • क्या सिग्मा और पाई बंध समान हैं?
  • मेथेन में कितने सिग्मा बंध उपस्थित हैं ?
  • एथीन में कितने सिग्मा, पाई बंध उपस्थित है ?